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पीएम मोदी छात्रों से माफी मांगे, विक्टिम कार्ड नहीं खेलें : कांग्रेस

TCN News Desk TCN News Desk | 1h ago
पीएम मोदी छात्रों से माफी मांगे, विक्टिम कार्ड नहीं खेलें : कांग्रेस

कांग्रेस के महासचिव जयराम रमेश ने कहा है कि पीएम मोदी जिम्मेदारी लेने के बजाय छात्रों का अपमान कर रहे हैं।

कांग्रेस ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर आरोप लगाया कि वे पेपर लीक को लेकर जंतर-मंतर पर हुए विरोध-प्रदर्शनों के दौरान उन्हें गाली देने वाले छात्रों और जेन जी को माफ करने की बात कहकर “विक्टिम कार्ड” खेल रहे हैं। कांग्रेस ने प्रदर्शनकारी छात्रों के खिलाफ बर्बर कार्रवाई और बार-बार पेपर लीक होने से युवाओं को हुई परेशानी के लिए प्रधानमंत्री से माफी की मांग की।

कांग्रेस ने प्रधानमंत्री के इंस्टाग्राम वीडियो को “खुद के प्रति अत्यधिक मोह” का प्रदर्शन बताया। कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी युवाओं द्वारा उठाए गए मुद्दों की जिम्मेदारी लेने के बजाय उनका अपमान कर रहे हैं।

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जयराम रमेश ने एक्स पर पोस्ट करते लिखा कि,

“शुक्रवार देर रात प्रधानमंत्री ने खुद के प्रति अत्यधिक मोह दिखाते हुए कहा कि उन्होंने हमारे युवाओं को माफ कर दिया है। यह देश और हमारे युवाओं का अपमान है। युवाओं ने उनकी सरकार के दौरान बहुत कुछ झेला है और वे जायज तौर पर प्रधानमंत्री से माफी की मांग कर रहे हैं। खुद को नॉन-बायोलॉजिकल बताने वाले प्रधानमंत्री को विक्टिम कार्ड खेलना बहुत पसंद है।”

कांग्रेस नेता ने यह भी आरोप लगाया कि मोदी अक्सर अपने पूर्ववर्तियों और राजनीतिक विरोधियों को निशाना बनाते हैं। उन्होंने कहा, “वे अक्सर अपने विरोधियों को बदनाम करने के लिए झूठ फैलाते हैं। ऐसा केवल सार्वजनिक भाषणों में ही नहीं, बल्कि संसद में भी किया जाता है। वे संसद के अंदर और बाहर अपशब्द बोलने वालों की एक पूरी फौज छोड़ देते हैं और उन्हें पूरा संरक्षण देते हैं।”

रमेश ने कहा, “पूरा देश प्रधानमंत्री से उस सदमे और परेशानी के लिए माफी की मांग कर रहा है, जो पेपर लीक से घिरी NTA व्यवस्था के कारण लाखों युवाओं को झेलनी पड़ी। कई छात्रों ने सदमें में आत्महत्या तक की। साथ ही गृह मंत्रालय की मंजूरी से छात्र प्रदर्शनकारियों के खिलाफ की गई बर्बर कार्रवाई के लिए भी प्रधानमंत्री से माफी की मांग हो रही है।”

उन्होंने आगे कहा, “पूरा देश राम मंदिर ट्रस्ट से जुड़े ‘चढ़ावा चोरी, और हिंदुओं के आस्था के साथ धोखा’ के लिए भी प्रधानमंत्री से माफी का इंतजार कर रहा है। यह वही संस्था है जिसकी घोषणा उन्होंने 5 फरवरी 2020 को लोकसभा में बड़े जोर-शोर से की थी। पूरा देश 8 नवंबर 2016 की उनकी तुगलकी नोटबंदी के लिए भी अब तक माफी की उम्मीद कर रहा है, जिसने करोड़ों लोगों की रोजी-रोटी प्रभावित की और लाखों MSME बंद कर दिए। यह सूची अंतहीन है।”

कांग्रेस के मीडिया एवं प्रचार विभाग के प्रमुख पवन खेड़ा ने भी प्रधानमंत्री के नए इंस्टाग्राम वीडियो पर तंज कसा।


मोदी के वीडियो को एक्स पर टैग करते हुए खेड़ा ने लिखा,

“सुनिए इन्हें। देश इनसे माफी मांगने को कह रहा है और इन्होंने देश को ही माफ कर दिया।”

आम आदमी पार्टी दिल्ली इकाई के अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज ने भी प्रधानमंत्री के संदेश की आलोचना की। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार ने जो किया, वह प्रधानमंत्री की माफी और करुणा की अपील से बिल्कुल उलट था। भारद्वाज ने कहा,

“पीएम मोदी और गोदी मीडिया ने Gen Z के साथ जो किया, उसे यह देश कभी माफ नहीं करेगा।” उन्होंने आरोप लगाया कि दक्षिणपंथी गुंडों को नाबालिग लड़के-लड़कियों के पीछे लगाया गया, अकेले मिलने पर उनके साथ मारपीट की गई और उसके वीडियो बनाए गए। इन वीडियो को सोशल मीडिया और मीडिया के जरिए फैलाकर युवाओं और उनके माता-पिता को डराने की कोशिश की गई।

उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि मामूली आरोपों में FIR दर्ज की गईं और मीडिया के जरिए बच्चों तथा उनके परिवारों पर दबाव बनाया गया। बच्चों के माफी वाले वीडियो को कुछ एंकरों और समर्थकों ने “जीत की ट्रॉफी” की तरह पेश किया। भारद्वाज ने कहा, “अब प्रधानमंत्री का यह बेस्वाद वीडियो आया है, जिसमें वे जो कुछ कर रहे थे, उसके बिल्कुल उलट बातें कर रहे हैं।”

यह आलोचना प्रधानमंत्री मोदी द्वारा शुक्रवार रात इंस्टाग्राम पर पोस्ट किए गए एक वीडियो के बाद सामने आई। वीडियो में मोदी ने कहा कि NEET में अनियमितताओं को लेकर जंतर-मंतर पर हुए प्रदर्शन के दौरान उन्हें और उनकी दिवंगत मां को अपशब्द कहे गए। हालांकि, उन्होंने कहा कि छात्रों को सजा देना इसका समाधान नहीं है और उनके प्रति संवेदनशीलता दिखाने की अपील की। मोदी ने कहा, “जंतर-मंतर पर न सिर्फ मेरे लिए अपशब्दों का इस्तेमाल किया गया, बल्कि मेरी दिवंगत मां को भी गालियां दी गईं। लेकिन गालियों से किसी समस्या का समाधान नहीं होता। आइए, जो भटक गए हैं, उन्हें सही रास्ता दिखाएं।”